Rajasthan Winter Vacation 2026 की घोषणा ने प्रदेश के हजारों स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों को थोड़ी राहत दी है। सर्द हवाओं और तेज़ शीतलहर के चलते राजस्थान में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। जनवरी की शुरुआत से ही कई जिलों में तापमान में भारी गिरावट देखी जा रही है, जिससे बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अवकाश बढ़ाने का फैसला लिया गया है। राजस्थान के कई जिलों में Rajasthan Winter Vacation 2026 के तहत स्कूलों को अस्थायी रूप से बंद रखने की घोषणा की गई है। शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन ने संयुक्त रूप से निर्णय लेते हुए विद्यार्थियों की सुविधा को प्राथमिकता दी है। सुबह के समय पड़ने वाले घने कोहरे के कारण न केवल दृश्यता में कमी आई है, बल्कि यात्रा करना भी जोखिम भरा हो गया है।
Rajasthan Winter Vacation 2026 के तहत किन जिलों में हुआ बदलाव
Rajasthan Winter Vacation 2026 के अंतर्गत जो बदलाव किए गए हैं, वे केवल छुट्टियों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि स्कूलों के समय में भी बदलाव हुआ है। ठंड की तीव्रता के चलते जयपुर, सीकर, कोटा, अजमेर, डूंगरपुर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, टोंक, पाली, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, झालावाड़ और बूंदी जैसे जिलों में नई तिथियां घोषित की गई हैं। कई जगह कक्षा 1 से 5 या 1 से 8 तक के बच्चों के लिए स्कूल पूरी तरह से बंद कर दिए गए हैं, वहीं कुछ जिलों में केवल स्कूल का समय बदला गया है। जिला प्रशासन ने यह साफ किया है कि ये निर्णय बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर ही लिए गए हैं। इस बदलाव से छात्रों को सुबह की अत्यधिक ठंड और कोहरे से राहत मिलेगी और उनके स्वास्थ्य पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा।
किन्हें कब तक छुट्टी मिली और कैसे बदल गया स्कूल टाइम
- जयपुर में छुट्टियां:
जयपुर जिले में कक्षा 1 से 5 तक के लिए स्कूल 10 जनवरी तक बंद रहेंगे, वहीं कक्षा 6 से 8 के लिए 8 जनवरी तक अवकाश रहेगा। - सीकर में व्यवस्था:
सीकर में कक्षा 1 से 8 तक के सभी सरकारी और निजी विद्यालय 10 जनवरी तक बंद रहेंगे। कक्षा 9 से 12 तक के लिए स्कूल का समय सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक तय किया गया है। - कोटा में समय में बदलाव:
कोटा में दो पारी में चलने वाले स्कूलों का समय बदला गया है। पहली पारी सुबह 10 से दोपहर 1 बजे तक और दूसरी पारी दोपहर 1:05 से शाम 4 बजे तक चलेगी। - अजमेर में दो दिन अवकाश:
अजमेर में आंगनबाड़ी और कक्षा 5 तक के लिए दो दिन की छुट्टी घोषित की गई है। कक्षा 6 से 12 तक के लिए स्कूल का समय सुबह 10:30 से शाम 4 बजे तक रखा गया है। - डूंगरपुर में तीन दिन की छुट्टी:
डूंगरपुर में 6 से 8 जनवरी तक कक्षा 1 से 5 तक के लिए अवकाश रहेगा। कक्षा 6 से ऊपर के छात्रों के लिए समय सुबह 10 से शाम 4 बजे तक रहेगा। - झालावाड़ में 10 जनवरी तक छुट्टी:
झालावाड़ में कक्षा 1 से 8 तक के छात्रों के लिए 10 जनवरी तक छुट्टी दी गई है, लेकिन स्टाफ को उपस्थित रहना होगा। - भीलवाड़ा में 8 जनवरी तक स्कूल बंद:
भीलवाड़ा में कक्षा 1 से 8 तक के छात्रों के लिए 6 से 8 जनवरी तक अवकाश रहेगा। आंगनबाड़ी केंद्रों को भी बंद किया गया है। - श्रीगंगानगर में सात दिन की छुट्टी:
6 से 12 जनवरी तक कक्षा नर्सरी से 5 तक के छात्रों के लिए छुट्टी रहेगी, जबकि कक्षा 6 से 12 तक के छात्रों के लिए स्कूल का समय सुबह 10:30 से दोपहर 3 बजे तक रहेगा। - हनुमानगढ़ में पांच दिन अवकाश:
6 से 10 जनवरी तक कक्षा 1 से 8 तक के लिए छुट्टी घोषित की गई है। कक्षा 9 से 12 तक की पढ़ाई सामान्य रूप से जारी रहेगी। - पाली और टोंक में तीन दिन की छुट्टियां:
पाली में कक्षा 1 से 5 तक और टोंक में कक्षा 1 से 8 तक के लिए 6 से 8 जनवरी तक स्कूल बंद रहेंगे। - चित्तौड़गढ़ और बूंदी में दो दिन का अवकाश:
इन दोनों जिलों में 6 और 7 जनवरी को स्कूलों में छुट्टी रहेगी। - भरतपुर में तीन दिन की छुट्टी:
भरतपुर में कक्षा 8 तक के छात्रों के लिए 8 जनवरी तक छुट्टियां घोषित की गई हैं।
बदलते मौसम के कारण बढ़ती जिम्मेदारियां
राजस्थान में सर्दी के मौसम की तीव्रता हर साल बढ़ती जा रही है। खासकर इस बार तापमान में गिरावट और शीतलहर की स्थिति ने प्रशासन को समय रहते निर्णय लेने पर मजबूर किया। शिक्षा विभाग और जिलाधिकारियों की सक्रियता से यह सुनिश्चित किया गया कि छात्रों की पढ़ाई पर कम से कम असर पड़े, लेकिन उनकी सुरक्षा से समझौता ना हो।
छुट्टियों की घोषणा से अभिभावकों ने राहत की सांस ली है। छोटे बच्चों के लिए अत्यधिक सर्दी में स्कूल जाना न केवल मुश्किल होता है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी हानिकारक हो सकता है। इसलिए Rajasthan Winter Vacation 2026 के तहत समय रहते लिया गया यह निर्णय बेहद जरूरी और स्वागत योग्य माना जा रहा है।
कैसे लें अवकाश की सही जानकारी
छात्रों और अभिभावकों को सलाह दी जाती है कि वे अपने जिले की आधिकारिक शिक्षा विभाग की वेबसाइट या जिला प्रशासन की सूचना प्रणाली से जुड़े रहें। कई बार जिलों में मौसम की स्थिति के अनुसार छुट्टियों की तारीख में बदलाव किया जा सकता है। साथ ही स्कूलों के प्राचार्य और अध्यापक भी नियमित रूप से अभिभावकों को अवकाश की सूचना उपलब्ध करवा रहे हैं।
स्कूल स्टाफ की भूमिका
हालांकि बच्चों के लिए अवकाश घोषित किया गया है, लेकिन अधिकांश जिलों में स्टाफ को स्कूल आने का आदेश यथावत रखा गया है। शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों को विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुसार स्कूल में उपस्थित रहना अनिवार्य होगा। यह निर्णय इसलिए लिया गया है ताकि कोर्स की तैयारी और परीक्षाओं की योजना में कोई रुकावट न आए।
छात्रों को क्या करना चाहिए इस दौरान
छुट्टियों के दौरान छात्रों को घर पर रहकर पढ़ाई जारी रखनी चाहिए। कई स्कूलों ने ऑनलाइन असाइनमेंट या होमवर्क भी देना शुरू कर दिया है ताकि पढ़ाई की निरंतरता बनी रहे। अभिभावकों को भी बच्चों के साथ समय बिताते हुए उन्हें पढ़ाई के लिए प्रेरित करना चाहिए।